You are currently viewing नारियल के पेड़ पर निबंध | Essay on coconut tree in Hindi
Essay on coconut tree in Hindi

नारियल के पेड़ पर निबंध | Essay on coconut tree in Hindi

मेरे प्यारे छात्रों, मैंने आपके लिए नारियल के पेड़ पर निबंध(Essay on coconut tree in Hindi) बहुत ही सरल भाषा में लिखा है। ये निबंध सभी तरह के छात्रों के लिए बहुत मददगार साबित होगा। इस आर्टिकल में मैंने सभी छात्रों के डाउट को देखते हुए ये निबंध बहुत ही सरल भाषा में लिखा है। मैं आशा करता हु, की आपको ये निबंध जरूर पसंद आएगा। अगर आप इस निबंध को पूरा पढ़ते हो तो आपने सभी डाउट आज ख़त्म हो जायेंगे। अगर आप स्कूल में हो या कॉलेज में हो या फिर किसी भी तरह की सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे हो तो ये निबंध आपके जरूर काम आएगा।

\"Essay
Essay on coconut tree in Hindi

Essay on coconut tree in Hindi

हमारी इस सुन्दर दुनिया में पेड़ो की बहुत सारी प्रजातियां पाई जाती है। नारियल का पेड़ एक पाम प्रजाति में आता है। नारियल का देखने में बहुत ही सुन्दर लगता है। नारियल का पेड़ भारत में ही नहीं बल्कि दुनिया बहुत सारि जगह पाया जाता है। नारियल का पेड़ एक ऐसा पेड़ है जो हमें फल के रूप में खाने के साथ साथ पीने को भी देता है। नारियल के पेड़ को अंग्रेजी भाषा में कोकोनट ट्री भी कहते है। हिन्दू धर्म में नारियल की महत्वता अधिक है, क्योकि लोग इसकी पूजा भी करते है। साउथ इंडिया में नारियल के पेड़ो से लोग बुसिनेस्स करते है। नारियल फल का पानी बहुत ही स्वादिस्ट होता है, और पानी पीने के बाद इसे खा भी सकते है। भारत में नारियल अधिकतर पश्चिमी भारत में मिलता है। नारियल का पेड़ बहुत विशाल पेड़ होता है। नारियल के पेड़ पर चढ़ने में बहुत दिक्कत आती है। वैज्ञानिको ने नारियल को कोकस न्यूशिफेरा नाम दिया है। नारियल के पेड़ सबसे सुन्दर और उपयोगी होते है। हिन्दू धर्म में लोग नारियल को मंदिरो में तोड़ते है। क्योकि उनका मानना है, की नारियल को तोडना अर्थात घमंड को तोडना होता है। कहा जाता है, की नारियल का ऊपरी भाग बहुत सख्त होता है, जो हमारे घमंड को दर्शाता है, इसके विपरीत नारियल के अंदर का भाग सॉफ्ट होता है, जो हमारी पवित्रा को दर्शाता है। नारियल को तोड़कर लोग शुभ कार्य भी करते है। नारियल का पेड़ लोगो को खाने के नारियल फल देता है, जिसका अलग अलग तरह से इस्तेमाल किया जाता है।

नारियल का पेड़ बहुत ही शुभ माना जाता है, इसलिए लोग इसे श्रीफल का पेड़ भी कहते है। नारियल का पेड़ समुन्द्र के किनारे भी मिलते है।

नारियल के पेड़ की उम्र:

नारियल के पेड़ की उम्र लगभग 100 साल की होती है। लेकिन कुछ पेड़ 100 साल से पहले ही मर जाते है, और कुछ 100 साल के बाद भी जीते है, वो निर्भर करता है की वातावरण कैसा है।

नारियल के पेड़ की लम्बाई:

नारियल के पेड़ की उचाई करीब 60 से 70 फ़ीट की होती है और इसकी मोटाई करीब 25 फ़ीट चौड़ी होती है। कुछ नारियल पेड़ की प्रजाति बौनी भी होती है जिसमे नारियल के पेड़ की उचाई केवल 10 से 15 फ़ीट की होती है। नारियल के पेड़ का तना अधिक मजबूत होता है किन्तु लचीला भी बहुत होता है।

Read more: नारियल के पेड़ पर निबंध | Essay on coconut tree in Hindi

नारियल फल का उपयोग:

  • नारियल का उपयोग अधिकतर दक्षिण भारत में इसके तेल से किया जाता है। नारियल के तेल का इस्तेमाल खाना बनाने में किया जाता है। नारियल के तेल से बना हुआ खाना बहुत जल्द पच जाता है, क्योकि इसमें फैटी एसिड की मात्रा बहुत कम होती है।
  • नारियल से बने कुछ प्रसिद भोजन- नारियल का हलवा, नारियल टमाटर सूप, नारियल चावल, आदि।
  • नारियल के पानी को पीने से हमारी प्यास और थकान दोनों दूर हो जाती है, क्योकि नारियल का पानी शुगर, प्रोटीन, फाइबर, विटामिन से भरा होता है।
  • नारियल से बनी मिठाई बहुत स्वादिस्ट होती है। नारियल से बनी मिठाई को खा कर यही कहोगे वाह! क्या स्वाद है।

नारियल पेड़ का उपयोग:

  • नारियल पेड़ का सभी भाग उपयोगी होता है। इसके तने से बहुत से प्रकार के फर्नीचर बनाएं जाते है, क्योकि इसका तना बहुत मजबूत होता है। पहले के समय में नारियल के तने का इस्तेमाल करके नाँव बनाते थे।
  • नारियल के पत्तो का इस्तेमाल लोग अधिकतर छतो में किया करते है।
  • नारियल के खोल से रेशियो की रस्सी बनाई जाती है। उन्ही रेशियो का इस्तेमाल करके फर्श पर बिछाने वाली चटाई बनाई जाती है। पहले के समय में नारियल के खोल से बर्तन भी बनाये जाते थे। रेशियो से हाथ से चलना वाला पंखा, टोकरी आदि बनाई जाती है।
  • नारियल के पेड़ो का इस्तेमाल करके लोग तरह तरह बुसिनेस्स करते है।

नारियल पेड़ के मुख्य भाग:

  • नारियल पेड़ के मुख्य भाग तना, पत्तिया, फल और जड़ है।
  • अगर बात करे इसके फूल की तो नारियल पेड़ पर दो तरह के फूल लगते है, नर और मादा। नर फल मादा फल के मुकाबले थोड़ा छोटा होता है और मादा फल बड़ा होता है।
  • नारियल पेड़ का तना अत्यधिक मजबूत होता है, जो पेड़ इतना ऊंचा के वावजूद सीधा खड़ा रखता है। लेकिन इसमें मजबूती के साथ साथ लचीलापन भी होता है। इस पेड़ की जड़े बहुत गहरे में जाती है। नारियल पेड़ का तना अधिकतर फर्नीचर बनाने में काम आता है।
  • नारियल पेड़ की पत्तिया भी बहुत काम में आती है। इसकी पत्तियों का इस्तेमाल करके टोकरी, झाड़ू, चटाई, आदि बनाने के काम में आती है।

10 Lines on Essay on coconut tree in Hindi:

नारियल का पेड़ एक पाम प्रजाति में आता है।

नारियल का देखने में बहुत ही सुन्दर लगता है।

नारियल का पेड़ भारत में ही नहीं बल्कि दुनिया बहुत सारि जगह पाया जाता है।

नारियल का पेड़ एक ऐसा पेड़ है जो हमें फल के रूप में खाने के साथ साथ पीने को भी देता है।

नारियल के पेड़ को अंग्रेजी भाषा में कोकोनट ट्री भी कहते है।

हिन्दू धर्म में नारियल की महत्वता अधिक है, क्योकि लोग इसकी पूजा भी करते है।

नारियल के पेड़ की उम्र लगभग 100 साल की होती है।

नारियल का पेड़ बहुत ही शुभ माना जाता है, इसलिए लोग इसे श्रीफल का पेड़ भी कहते है।

नारियल पेड़ का तना अत्यधिक मजबूत होता है

इसकी पत्तियों का इस्तेमाल करके टोकरी, झाड़ू, चटाई, आदि बनाने के काम में आती है।


निष्कर्ष: (Essay on coconut tree in Hindi)

नारियल का पेड़ इंसानो के लिए बहुत फायदेमंद है। इसके फल का सेवन करने से शरीर में फुर्ती उत्पन्न होती है। नारियल के पेड़ से बहुत से लग अपना व्यापार करते है। नारियल पेड़ का सभी भाग उपयोगी होता है। इसके तने से बहुत से प्रकार के फर्नीचर बनाएं जाते है, क्योकि इसका तना बहुत मजबूत होता है। पहले के समय में नारियल के तने का इस्तेमाल करके नाँव बनाते थे।

अंतिम शब्द: इस आर्टिकल में मैंने नारियल के पेड़ पर निबंध(Essay on coconut tree in Hindi) बहुत सरल भाषा में लिखा है। मैं आशा करता हु, की आपको ये निबंध पसंद आया होगा। आप इस निबंध को अपनी फेसबुक और व्हाट्सप्प जैसी सोशल मीडिया पर शेयर करके हमारी मदद कर सकते है।

धन्यबाद

 essay on ‘Berojgari’ 

10 line essay on Mera parivar in hindi

आदर्श विद्यार्थी पर निबंध

Essay on save water

Volleyball essay in Hindi

Essay on Neem tree in Hindi

Pollution essay in hindi 10 lines

10 lines on my mother in Hindi

Leave a Reply